नवरात्रि से जुड़ी विशेष जानकारी
कलश स्थापना की विधि को जाने
और नवरात्री की पूजा को विशेष बनाये
नवरात्रि के पहले दिन सुबह शुभ मुहूर्त में कलश स्थापना की जाती है। एक मिट्टी या तांबे का कलश लेकर उसमें गंगाजल या शुद्ध जल भरें। कलश के ऊपर आम के पत्ते लगाएं और उस पर नारियल रखें। इसके बाद कलश को चावल या मिट्टी के बने छोटे से वेदी (स्थान) पर स्थापित किया जाता है।
कलश स्थापना को नवरात्रि पूजा की शुरुआत माना जाता है और यह पूरे पूजन की सबसे महत्वपूर्ण प्रक्रिया होती है।
